Life

कभी देखी है ऐसी सब्जी मंडी 

mm
Written by Shweta Singh

आप ऊपर पढ़कर सोच रहे होंगे की सब्जी मंडी में ऐसी क्या खास बात हो सकती है… सब्जी मंडी में तो सब्जियां ही मिलेंगी और आपके आसपास अक्सर सब्जियों का बाज़ार देखने को मिलेगा. लेकिन भारत की यह सब्जी मंडी अपने आप में ही खास है… क्यों??? आइये बताते हैं.

क्यों खास है यह सब्जी मंडी

भारत में एक ऐसी सब्‍जी मंडी है जो ट्रेन की पटरियों पर लगती है. इसको देखने दूर-दूर से लोग आते हैं.  पश्‍चिम बंगाल का दार्जिलिंग हिल स्‍टेशन जितना खूबसूरत है उतना ही रोचक भी. यहां पर एक ट्रेन है जो सब्‍जी मंडी के बीच से होकर गुजरती है. हालांकि ट्रेन का रूट तो सही है लेकिन कुछ जगह पर सब्‍जी मार्केट लगती है. पटरियों के दोनों तरफ सब्‍जी की दुकाने सज जाती हैं. हालांकि ट्रेन को वहां से निकलने में कोई दिक्‍कत नहीं होती. जैसे ही गाड़ी की सीटी सुनाई पड़ती है सभी सब्‍जीवाले एकदम सतर्क हो जाते हैं और ट्रेन के गुजरते ही सबकुछ फिर से सामान्‍य हो जाता है.

 ये भी पढ़िए- दिनदहाड़े घूमते हैं ये जीवित भूत

कौन सी है यह ट्रेन

दार्जिलिंग हिमालयी रेल, जिसे “टॉय ट्रेन” के नाम से भी जाना जाता है भारत के राज्य पश्चिम बंगाल में न्यू जलपाईगुड़ी और दार्जिलिंग के बीच चलने वाली एक छोटी लाइन की रेलवे प्रणाली है. इसका निर्माण १८७९ और १८८१ के बीच किया गया था और इसकी कुल लंबाई ७८ किलोमीटर (४८ मील) है. इसकी ऊँचाई स्तर न्यू जलपाईगुड़ी में लगभग ३२८ फीट से लेकर दार्जिलिंग में ७,२१८  फुट तक है.

फेमस गीत भी यहीं शूट हुआ था

इस रेलवे लाइन पर डीजल इंजन और ब्रिटिशकालीन भाप इंजन, दोनों तरह के इंजनों द्वारा टॉय ट्रेन चलाई जाती है. इस रेलवे को यूनेस्को द्वारा नीलगिरि पर्वतीय रेल और कालका शिमला रेलवे के साथ भारत की पर्वतीय रेल के रूप में विश्व धरोहर स्थल के रूप में सूचीबद्ध किया गया है. इस रेलवे का मुख्यालय कुर्सियांग शहर में है. इसी रेलवे लाइन पर आराधना फिल्म का प्रसिद्ध गीत ‘मेरे सपनों की रानी’ की शूटिंग हुई थी.

About the author

mm

Shweta Singh

Leave a Comment